दादी-नानी और पिता-दादाजी के बातों का अनुसरण, संयम बरतते हुए समय के घेरे में रहकर जरा सा सावधानी बरतें तो कभी आपके घर में डॉ. नहीं आएगा. यहाँ पर दिए गए सभी नुस्खे और घरेलु उपचार कारगर और सिद्ध हैं... इसे अपनाकर अपने परिवार को निरोगी और सुखी बनायें.. रसोई घर के सब्जियों और फलों से उपचार एवं निखार पा सकते हैं. उसी की यहाँ जानकारी दी गई है. इस साइट में दिए गए कोई भी आलेख व्यावसायिक उद्देश्य से नहीं है. किसी भी दवा और नुस्खे को आजमाने से पहले एक बार नजदीकी डॉक्टर से परामर्श जरूर ले लें.
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गुरुवार, जुलाई 30, 2015

मोटापा कम करने के लिए डाइट चार्ट

60 दिनों के डाइट चार्ट से पा सकते हैं
एक परफेक्ट और फिट बॉडी : राज

मोटापा कम करना एक बहुत बड़ा चैलेंज है, खास तौर पर तब, जब वजन कुछ ज्‍यादा ही हो। ऐसे समय वजन कम करने के थका देने वाले शेड्यूल से भी कोई फायदा नहीं होता है। हर कोई स्‍लीम होने ... कई बार लोग डाइट के नाम पर भूखे रहते हैं, जो सेहत के लिए नुकसानदाई होता है। वजन घटाने के ... अपने डाइट चार्ट से अनहेल्‍दी फूड हटाकर कुछ ऐसी चीजें बढा़एं, जो स्वादिष्ट न हो लेकिन पोषक हो।
एक अच्छी पर्सनैलिटी की पहचान स्वस्थ शरीर से होती है। आप अपने काम में तभी परफेक्ट हो पाएंगे, जब आपका स्वास्थ्य अच्छा होगा और आप फिट होंगे। बिज़ी लाइफस्टाइल के चलते, आजकल सभी अपनी फिटनेस का ख़ास ख़्याल रखते हैं। फिट बॉडी के लिए ज़रूरी है कि आपकी डाइट भी हेल्दी हो। सही डाइट अगर नियमित रूप से टाइम पर ली जाए, तो आपका स्वास्थ्य सही रहेगा। इसके साथ एक्सरसाइज़ करना भी ज़रूरी है। यहां हेल्थ और वेलनेस गुरू आपको बता रहे हैं 2 महीने का डाइट प्लान। इससे आप बिना जिम गए और बिना पैसे खर्च किए सिर्फ 60 दिनों में पा सकते हैं एक परफेक्ट और फिट बॉडी।



Day 1
आज आपके हेल्थ प्रोग्राम का पहला दिन है। हमेशा ध्यान रखें कि आप जो भी आहार ले रहे हैं, वो सही मात्रा में हो। अपनी डाइट से स्टार्ची फूड जैसे ब्रेड, पास्ता और आलू को कम करें, क्योंकि इनमें बहुत ज़्यादा कैलोरीज़ होती हैं।

Day 2
आज आपके प्रोग्राम का दूसरा दिन है। फल खाना स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है, लेकिन अगर आप अपने शरीर से एक्सट्रा फैट कम करना चाहते हैं, तो कुछ फल जैसे केला, चीकू, अंगूर और आम को अपनी डाइट में शामिल न करें। जूस लेने से बेहतर है फल खाएं।

Day 3
आज आपके डाइट चार्ट में हैं हेल्दी स्नैक्स। स्नैक्स में आप डिप की हुई वेजिटेबल सलाद, घर पर भुने हुए कुरमुरे, भेल, बिना मक्खन लगे हुए पॉपकॉर्न, ड्राय फूट्स और स्प्राउट्स खा सकते हैं। इससे आपको पूरे दिन के लिए एनर्जी मिलेगी।


Day 4

अपने हेल्थ प्रोग्राम में डाइट के साथ एक्सरसाइज़ भी शामिल करें, जैसे लिफ्ट के बजाए सीढ़ियों का इस्तेमाल करना, मॉर्निंग वॉक।

Day 5
अगर आपको रात में उठ-उठकर खाने की आदत के लिए टोका जाता है, तो उन्हें बताएं कि यह खराब आदत नहीं हैं, बल्कि एक साथ ज़्यादा खाने से अच्छा है रुक-रुककर खाना। एेसा करने से एक बार में आपके शरीर में ज़्यादा फैट इकट्ठा नहीं होगा।

Day 6
चाय, कॉफी क्लोरीन युक्त पानी और सॉफ्ट ड्रिंक्स की जगह सोया मिल्क, वेजिटेबल जूस, फ्रूट जूस, सादा पानी और एलोवेरा जूस पिएं। इससे आप स्लिम एंड ट्रिम दिखेंगे।

Day 7
अगर आपको स्विमिंग आती है, तो यह रोज़ करें। इससे आपकी एक्सट्रा कैलोरीज़ बर्न होती हैं और आप फिट रहते हैं।

Day 8
प्योर वेजिटेरियन डाइट अपनाएं, जिसमें फलों और सब्जियों की भरपूर मात्रा हो। इसे वेदिक डाइट कहते हैं। इसके अलावा, स्प्राउट्स और अदरक-शहद को गर्म पानी में मिक्स करके पिएं। इससे शरीर का एक्सट्रा फैट कम होता है।

Day 9
क्या आपको पता है कि फल और सब्जियों के रंग भी शरीर को स्वस्थ बनाते हैं? लाल और नारंगी रंग के फल और सब्ज़ियों से नर्वस सिस्टम ठीक तरह से काम करता है। हरा रंग शरीर के एसिड और एल्कालाइन लेवल को संतुलित रखता है। जामुनी रंग के फल और सब्ज़ियां भी सेहत के लिए अच्छी होती हैं और आप आरामदेह महसूस करते हैं।

Day 10
अपनी डाइट में फ्रेश और नेचुरल तरीके से पकाए गए आहार ही शामिल करें। अल्कोहल और निकोटीन से बचें। रोज़ कम-से-कम 30 मिनट के लिए सैर करें। इससे आपके शरीर की थकान दूर होगी और दिमाग को भी शांति मिलेगी।

Day 11
आपके हेल्थ प्रोग्राम के दस दिन बीत चुके हैं। उम्मीद है कि आप हमारे डाइट चार्ट को फॉलो कर रहे हैं और फिटनेस की ओर बढ़ रहे हैं। अंगूर, केला, चीकू और आम को छोड़कर आप अच्छे से बाकी फल खाएं।

Day12
रोज़ कम-से-कम 2 लीटर पानी ज़रूर पिएं। एक गिलास पानी आपको 15 से 20 मिनट तक भूख लगने से रोकता है। साथ ही, पानी पीने से शरीर की आंतरिक गंदगी दूर होती है। इसलिए सॉफ्ट ड्रिंक्स, कॉफी और शेक के बजाए पानी भरपूर मात्रा में लें। वेजिटेरियन फूड लेने के साथ अपनी डाइट में तुलसी, गेहूं के जवारे, एलोवेरा, जिनसेंग (औषधीय पौधा, जो दक्षिण एशिया और उत्तर अमेरिका में पाया जाता हैं) को शामिल करें। यह आपके शरीर के इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाएगा और आपको सीज़नल इंफेक्शन से दूर रखेगा।

Day 14
स्नैक्स में हाई कैलोरीज़ और ऑयली फूड को अवॉइड करें। इसकी जगह मुट्ठी भर बादाम खाएं। इसमें प्रोटीन्स, मिनरल्स और अनसैचुरेटेड फैट होता है, जो ब्लड कोलेस्ट्रोल के लिए फायदेमंद है।आमतौर पर फूड फैट दो तरह के होते हैं- सैचुरेटेड फैट और अनसैचुरेटेड फैट। अनसैचुरेटेड फैट बेहतर होता है। यह वेजिटेबल ऑयल, नट्स और सीफूड में पाया जाता है।

Day 15
अच्छे स्वास्थ्य के लिए डिनर लाइट और कार्बोहाइड्रेट्स-फ्री होना चाहिए। सूप या सलाद डिनर के लिए बहुत हेल्दी होता है। डिनर करने के करीब 3 से 4 घंटे बाद सोना चाहिए।

Day 16

अगर आप वेजिटेरियन हैं, तो मीट, डेयरी प्रोडक्ट्स (दूध, पनीर) और अंडे की जगह सोया मिल्क पी सकते हैं। मीट न खाने का फायदा यह होता है कि इससे कैंसर, डायबिटीज़, मोटापा और दिल से संबंधित बीमारियां होेने के चांसेस कम हो जाते हैं।

Day 17
ऐसा मत सोचिए कि आपकी खाने की आदत एक ही दिन में बदल जाएगी। इसके लिए हर रोज़ एक्सरसाइज़ करनी भी ज़रूरी है।

Day 18
यह ज़रूरी नहीं है कि दिन में आपको तीन बार ही खाना है। आप थोड़ी-थोड़ी मात्रा में दिन में 4 से 5 बार भी खा सकते हैं। हर 3 से 4 घंटे में खाने से आपका ब्लड शुगर लेवल नॉर्मल रहेगा और शरीर में एक्सट्रा फैट नहीं जमेगा।

Day 19
आपके आहार का ग्लाइसेमिक इन्डेक्स खाने के बाद शरीर के ब्लड शुगर को प्रभावित करता है। ग्लाइसेमिक इन्डेक्स एक प्रकार का न्यूमेरिकल मेज़रमेंट होता है। इससे यह मापा जाता है कि कौन-सा फूड आइटम ब्लड शुगर लेवल को कितना और कितनी तेजी से बढ़ा रहा है। इसलिए (low GI) कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स भोजन, जैसे- गेहूं की ब्रेड, पास्ता, उबले हुए आलू और अनपॉलिश्ड चावल का सेवन कीजिए। इनमें कार्बोहाइड्रेट्स कम होते हैं।

Day 20
भोजन में नमक की उचित मात्रा ही लेनी चाहिए। वो प्रोडक्ट्स जिनमें नमक ज़्यादा होता है, जैसे सॉस, कैचअप, चिप्स, पापड़, अचार, कैन और टिन वाले फूड आइटम्स को अवॉइड करना चाहिए।

Day 21
सोया में phytoestrogens होते हैं, जो महिलाओं में स्तन/ब्रेस्ट और ओवेरीअन/गर्भाशय कैंसर की संभावना कम करते हैं। सोया मिल्क दूसरे हाई प्रोटीन ड्रिंक्स की तुलना में बेहतर होता है, इसलिए खाने में पनीर की जगह टोफू खाएं। टोफू सोया दूध को जमाकर बनाया जाता है। जमी हुई दही को छोटे-छोटे टुकड़ों में काटकर खाएं।


Day 22
केला हाई ब्लड प्रेशर के लिए अच्छा होता है, क्योंकि इसमें पोटेशियम की मात्रा ज़्यादा और सोडियम की मात्रा कम होती है। केला फाइबर्स का मुख्य स्रोत है और इससे पाचन क्रिया भी सही रहती है। केले के सेवन से तुरंत एनर्जी मिलती है।

Day 23
अल्कोहल, क्लोरीन युक्त पानी और सॉफ्ट ड्रिंक्स को अपनी डाइट से पूरी तरह हटा दीजिए। इनमें एनर्जी तो होती है, लेकिन न्यूट्रिशन बिल्कुल भी नहीं होता। इसकी जगह वेजिटेबल जूस, कोकोनट वॉटर, हर्बल चाय और चीनी डाले बिना, यानी अनस्वीटन्ड फ्रूट जूस पिएं।

Day 24
फ़िजिकल एक्टिविटी से थकान और स्ट्रेस दूर होता है। कभी-कभी बोरियत, डिप्रेशन और टेंशन में हम ज़्यादा खाना शुरू कर देते हैं। इसलिए एक्सरसाइज़ ज़रूर करें।बोरियत महसूस होने पर खाना खाने की जगह, म्यूज़िक सुनें या फिर कुछ ऐसा काम करें, जिससे आपको खुशी हो।

Day 25
एक दिन में एक बड़े चम्मच से ज़्यादा तेल का इस्तेमाल बिल्कुल न करें। आप ऑलिव आयल या राइस ब्रैन ऑयल यूज़ कर सकते हैं। फूड आइटम्स को डीप फ्राइ करने की जगह ग्रिल या बेक करें।

DAY 26
जैसा कि हम पहले भी बता चुके हैं कि स्वस्थ और फिट रहने के लिए अपने भोजन में नॉनवेज, जैसे मीट, चिकन शामिल न करें। इससे न सिर्फ मोटापा बढ़ता है, बल्कि इनमें कैंसर पैदा करने वाले तत्व भी मौजूद होते हैं। खासकर रेड मीट (गर्म मीट- सुअर, भैंस का) का सेवन कतई न करें। अगर आप नॉनवेज खाना ही चाहते हैं, तो फ्राइड फिश खाएं और अंडे का सफेद पोर्शन खाएं।

Day 27
इन टिप्स से आपको वज़न कम करने में मदद मिलेगी। 1- जब भी खाना खाएं, छोटी प्लेट में ही सर्व करें और हर बाइट को धीरे-धीरे चबा-चबा कर खाएं। 2- अगर आपका फेवरेट फूड भी है, तो भी ज़्यादा न खाएं। 3- कभी भी पूरा पेट भरकर नहीं खाएं।

Day 28

अपने भोजन में लहसुन का इस्तेमाल करें। लहसुन में रोग प्रतिरोधक क्षमता होती है। यह लिवर में carcinogens (एक प्रकार का कैंसरकारी पदार्थ) को निष्क्रिय करता है। इसलिए स्वस्थ रहने के लिए सलाद और सॉस में लहसुन ज़रूर डालें। सब्ज़ी बनाते हुए भी लहसुन-अदरक का पेस्ट डालना चाहिए। इससे सब्ज़ी का स्वाद भी बढ़ेगा और यह फायदा भी करेगा।

Day 29
पूरे दिन में नमक की मात्रा 2500 मिली ग्राम से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। अगर नमक ज़्यादा लगे, तो नींबू भी खाने में डाल सकते हैं।

Day 30

आज आपके हेल्थ प्रोग्राम का एक महीना पूरा हुआ। हम उम्मीद करते हैं कि आप हमारे द्वारा बताए डाइट चार्ट को फॉलो कर रहे होंगे और अपनी सेहत में सुधार कर रहे होंगे। इस डाइट चार्ट को लंबे समय तक फॉलो करते रहने से आप अपनी फिटनेस को बरकरार रख पाएंगे।

Day 31

कुछ लोग डाइटिंग का गलत मतलब निकालते हैं और पतले होने के लिए खाना-पीना तक छोड़ देते हैं। यह एक अनहेल्दी और खतरनाक तरीका है। भोजन से सिर्फ भूख ही नहीं मिटती, बल्कि हमारे शरीर को एनर्जी भी मिलती है। अगर हम पर्याप्त भोजन नहीं करेंगे और भूखे रहेंगे, तो बीमार पड़ सकते हैं। इसलिए डाइटिंग का सही तरीका अपनाएं और फिट रहें।

Day 32
हमारा शरीर ब्रह्मांड की शक्तियों से प्रभावित होता है। इसलिए इस बात का ध्यान रखें कि जब भी आप कोई एक्सरसाइज़ करें तो मुंह पूर्व दिशा की ओर होना चाहिए। इससे शरीर का मेटाबॉलिक रेट बढ़ता है। एक्सरसाइज़ के दौरान अपनी गर्दन और बॉडी पार्ट्स को क्लॉकवाइस घुमाएं।

Day 33

एक्टिव रहना बहुत ज़रूरी है। एक ही जगह बैठे रहने से शरीर में फैट इकट्ठा होता रहता है। इसलिए अपने रूटीन में योगा, एक्सरसाइज़, वॉकिंग, जॉगिंग और एरोबिक्स शामिल करें। इससे शरीर की थकान दूर होती है और आप एक्टिव भी रहते हैं।

Day 34
एक्वा/वॉटर ऐरोबिक्स से शरीर की मांसपेशियां शेप में आती हैं। इससे ज्वाइंट और मांसपेशियों की चोट भी सही होती है। अपनी मेंटल हेल्थ सुधारने के लिए अच्छी तरह सांस लें।

Day 35
सांस लेना एक स्वाभाविक प्रक्रिया है, लेकिन इससे आपकी मेंटल हेल्थ भी सही रहती है। जैसे कि अगर आप कन्फ्यूज़्ड हैं, तो लंबी सांसें लीजिए। जब भी आप टेंशन में हों, तो लंबी सांसें लें। कुछ देर में आप रिलैक्स्ड महसूस करेंगे।

Day 36
रोज़ बैलेंस्ड डाइट लें, जिसमें कैल्शियम, विटामिन और मिनरल्स की पर्याप्त मात्रा हो। फलों और सब्जियों का जूस भी पिएं।

Day 37

गाय के दूध की जगह सोया मिल्क पीना शुरू करें। नॉनवेज जैसे मीट और अंडे की जगह फलों और सब्जियों को अपनी डाइट में शामिल करें। इससे कैंसर की संभावना कम हो जाती है।

Day 38
ताज़े सब्ज़ी और फल ही खाएं, यह शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं। इसी तरह स्प्राउट्स और बादाम को भी अपने भोजन में शामिल करें। इससे आपके शरीर के साथ दिमाग को भी पॉज़िटिव एनर्जी मिलेगी।

Day 39
अपने शरीर को ठंडा रखने के लिए खीरे का खूब जूस पिएं। गर्मियों के दिनों में इसके साथ पुदीना भी ले सकते हैं। ज़्यादा मिर्च-मसाला और तली हुई चीज़ों से बचकर रहें। नारियल पानी पिएं।

Day 40
फलों और सब्ज़ियों से आपका नर्वस सिस्टम ठीक रहता है। ज़्यादा गुस्सा करने से भी बचें। जब भी गुस्सा आए, तो लंबी सांसें लें।

Day 41

एक छोटी प्लेट में जितना आ पाए, उतना ही खाएं। इसके बाद भी भूख लगे, तो आप कुछ हल्का और हेल्दी खा सकते हैं।

Day 42

फाइबर शरीर के लिए बहुत ज़रूरी होता है, लेकिन इसकी ज़्यादा मात्रा से पेट फूलने लगता है। अगर आप ज़्यादा फाइबर की मात्रा ले रहे हैं, तो इसके बाद खूब सारा पानी पिएं।

Day 43
शरीर को नुकसान पहुंचाने वाले पदार्थ जैसे धूम्रपान, शराब, ड्रग्स, नॉनवेज और डेयरी प्रोडक्ट्स से बचकर रहें।

Day 44
वर्कआउट करने से शरीर में नए सेल्स का निर्माण होता है। इससे एनर्जी मिलती है। साथ ही, यह शरीर के सात चक्रों को एक सीध में संतुलित करता है।

Day 45
वेजिटेरियन फूड से शरीर और दिमाग को शक्ति मिलती है।

Day 46
योगा को अपने रूटीन में शामिल करें। योगा की प्रैक्टिस से शरीर को मज़बूती मिलती है।

Day 47
सोया में हाई प्रोटीन होता है। इसमें मीट के बराबर प्रोटीन तो होता ही है, साथ ही इसमें phytoestrogens हैं, जो महिलाओं में होने वाले स्तन और गर्भाशय कैंसर की संभावना कम करते हैं।

Day 48

ऐसा भोजन करें, जो ताज़ा हो, बनाने में आसान हो और नेचुरल तरीके से पकाया गया हो। पैकेज्ड फूट को अवॉइड करें। इससे आप मानसिक और शारीरिक रूप से स्वस्थ रहेंगे।

DAY 49

भोजन में सजावट के लिए चीज़ और क्रीम की जगह नींबू के रस का इस्तेमाल करें। इसी तरह सुबह उठकर नींबू के रस को गर्म पानी में मिलाकर पिएं और अपने दिन की एक हेल्दी शुरुआत करें। इससे आप पूरे दिन एक्टिव रहेंगे।

DAY 50
स्वस्थ रहने के लिए सिर्फ हेल्दी खाना ही नहीं, बल्कि एक्सरसाइज़ भी बहुत ज़रूरी है। इसलिए अपनी दिनचर्या में फिज़िकल एक्टिविटी शामिल करें। इससे आपकी थकान दूर होगी, साथ ही यह आपकी भूख और वज़न को कंट्रोल में रखेगा।

DAY 51
रिफाइंड शुगर का सेवन कम करें और ज्याद़ा मीठा खाने से बचें। चीनी से स्किन कोलेजन्स डैमेज हो जाते हैं। कोलेजन एक प्रकार का प्रोटीन है, जो हमारे शरीर में पाया जाता है। यह स्किन टिश्यू को आपस में जोड़ता है। कोलेजन के नष्ट हो जाने से त्वचा ढीली पड़ने लगती है।

DAY 52
सफेद रंग के आहार से बचें। इसमें डेयरी प्रोडक्ट्स, चीनी, चावल, ब्रेड और मैदा आते हैं। इनकी जगह आप गेहूं की बनी चीजें, जैसे ब्राउन या रेड राइस, व्हीट पास्ता और ब्रेड लें।

DAY 53

वज़न कम करने के लिए खाली पेट रहने का नुस्खा कभी मत अपनाएं। भूखे रहने के बाद जब आप खाना खाते हैं, तो आपके शरीर में एक्स्ट्रा फैट स्टोर हो जाता है, इसलिए खाना ज़रूर खाएं। वज़न कम करने के लिए आप कम मात्रा में दिन में 4 से 5 बार खाएं।

DAY 54

पालक, टमाटर और पपीते को अपने खाने में ज़रूर शामिल करें। इसमें एंटी-ऑक्सीडेंट्स की मात्रा बहुत ज़्यादा होती है, जो अर्ली साइन ऑफ एजिंग से स्किन को प्रोटेक्ट करते हैं और आंखों को भी स्वस्थ रखते हैं।

DAY 55
कई टिप्स हैं जो वज़न घटाने में असरदार हो सकते हैं, जैसे हर बाइट को चबा-चबाकर खाना। साथ ही, जितना एक बार में खा सकते हैं, उतना ही खाएं और टीवी के सामने बैठकर खाने से बचें।

DAY 56
पिलाटेस शरीर और दिमाग की एक्सरसाइज़ होती है। इससे शरीर की मांसपेशियां मज़बूत होती हैं और बॉडी पोस्चर ठीक रहता है। इसलिए हर रोज़ पिलाटेस का अभ्यास करना चाहिए।

DAY 57
रोज़ 2 से 3 लीटर शुद्ध पानी पिएं। यह नेचुरल मिनरल्स से भरपूर होता है। पानी से चेहरा साफ और हाइड्रेटेड रहता है। सिर्फ यही नहीं, इससे डायजेशन सिस्टम भी सही रहता है।

DAY 58
क्लोरीन मिला हुआ पानी और कोल्ड ड्रिंक्स को अपनी डाइट से दूर रखें।

Day 59
दिन की शुरुआत सूर्य नमस्कार से करें। एक बार सूर्य नमस्कार करने से शरीर में पूरी तरह से खिंचाव आता है, जिससे सारे ज्वाइंट खुल जाते हैं। एक से ज़्यादा बार करने से आपको हार्ट प्रॉब्लम्स भी नहीं होतीं।

Day 60
रोज़ मेडिटेशन करें। इससे थकान तो दूर होती ही है, साथ ही यह आपको ऊर्जा देता है। इससे आपका कॉन्सन्ट्रेशन भी सही रहता है। इस तरह यह 60 दिनों का हेल्थ प्रोग्राम फॉलो करने से आप बिल्कुल फिट रहेंगे।

अब राजेश मिश्रा को इज़ाज़त दीजिये... मुझे आशा है... आप सभी को ये डाइट चार्ट पसंद आया होगा और आपके साथ आपके पुरे परिवार के लिए फायदेमंद साबित होगा.. 

Rajesh Mishra, Kolkata

बुधवार, जुलाई 29, 2015

EFFECTIVE OPEN PORES FOR HOME REMEDIES

15 Home Remedies For
Open Pores : RAJ

Beauty sells in today’s world when everyone is trying to please everyone, the conquest to be the perfect beauty on the block is rising like never before. Be it the lustrous centerfolds of your favorite magazine or the glossy supplements of the dailies, there’s an overdose of perfect beauty. But in way towards putting your best face forward, you have to face problems like open pores.

And unlike most people who think paying a visit to their dermatologist is the only way out, there are several home remedies which are the most sought after treatments to treat the case of open pores. Open pores can be a result of your genetic makeup, hormonal changes, environmental factors, nutrition, stress, any health condition or just a result of your skin type. People with oily skin tend to have more open pores as their skin has over active sebaceous glands which keep producing oil. This continuous process results in clogging of pores and losing of the elasticity of the skin leading to open pores.

EFFECTIVE HOME REMEDIES FOR OPEN PORES
Try Lemons
lemons are laced up with their natural enzymes and acidic nature to shrink the pores due to any reason. They are one of the most widely used herbal remedy to shrink the open pores as they naturally tighten the skin and brighten it too.


Cleaning Ritual

As mentioned earlier, open pores can be the result of lack of proper cleansing resulting in the deposit of oil, dirt or even dead skin in your pores. It is extremely important that you follow the ritual of a face clean at least once a week which includes a massage with a cream, exfoliation for the removal of dead skin cells and a face pack to close the pores opened while the process of exfoliation. This basic routine makes sure that your skin is always prepped up, cleansed and clear of impurities.

Go Natural

if you’re one of those people who don’t know which skin product is the best for your skin, then tread the natural way. Fruits like Papaya are best known for their exfoliation properties. Using a papaya for cleaning the face not only scrubs away all the impurities but also helps in removing black heads and other impurities of the skin.

Ice Breaker

An instant remedy for open pores is using ice on your skin. It works instantly as the extreme cold nature causes the skin to shrink and thus close the pores to stop any kind of dirt or residue to enter and clog the pores.

Honey

Honey is famous for its medicinal, cosmetic and healing properties which makes it a favorite among most people. It can be used on the skin for natural toning and closing of the pores and also reducing the excessive oiliness of the skin which is among the main factors for open pores in the first place.

Oatmeal: It is used in various facemasks for its hypo allergenic qualities. It doesn’t clog the pores and instead helps shrink them and enhance the overall complexion.

Egg White

Egg whites work as natural dryers of the skin and thus they greatly help in shrinking the pores and helping with the problem of open pores. They are excellent to lighten the skin and also help in unclogging the pores as they pull out the impurities from the pores.

Yoghurt

Another way of dealing with the problem of open pores is yoghurt. It has lactic acid which tightens the skin thus reducing the pore size, controlling excessive oil in the pores and also removes dead cells.

Almonds

Almonds, when crushed and applied on the skin as ingredients with face masks can bring out magical results. They are best known for providing a clear and smooth skin texture which helps to close the open pores and minimize this problem.

Tomatoes

They are the natural astringents which helps remove the extra oil from the pores, shrink and reduce the size of open pores, close the pores which are enlarged giving the perfect solution for this problem.

Other Natural Astringents

there are several other natural astringents which can be used on the skin for the treatment of open pores like peach, pineapple, orange, strawberries and other citrus fruits. Not only are they rich in anti oxidants but they are excellent for all skin types providing the perfect smooth and clear complexion.
Fuller’s Earth

It’s known for its several uses in home remedies. Fuller’s earth is an excellent medium to control excessive oil and cleansing the skin gently and deeply.But people with dry skin should it a little cautiously with mediums which have moisturizing effects like honey or oil to make sure that it doesn’t dries their skin out.

Steaming Sessions

Steaming your face is a great way of opening the clogged pores which have lost elasticity and then cleaning them deeply making sure they are not trapping oil in the skin and thus splashing cold water instantly closes them making sure the cycle of clogged pores and open pores ends there. Also, any natural astringent can be used after steaming to close the opened pores.

Rose Water

It’s a miraculous way of making sure that the oil produced by the skin is under control and thus rose water makes sure that the skin is cleansed deeply and impurities removed.

Aloe Vera

Aloe Vera is known for its healing properties. Aloe Vera gel can be applied to make sure you get a supple, clean and clear skin and the problem of open pores is taken care of.

Diet Prevention

To prevent such situation you should follow a good skin care regime regularly and make sure that the products that you use suit your skin type. Using of sun screen, exfoliation, cleansing. Also you should include fresh fruits and foods that are raw, steamed, roasted rather than fried and unhealthy fast foods which are excessively greasy to make sure that don’t aggravate the oil glands to produce excessive oil.

Apple Cider Vinegar

This is also one of the naturally occurring astringent that can be brought into use when making special face packs to make sure that the problem of open pores stays in control.

Other Home Treatment Options

There are various other ways of dealing with the problem of open pores like applying a spoonful of milk of magnesia after you wash your face, the juice of lettuce leaves combined with lemon juice, a sugar scrub with a little olive oil and lemon juice, trying orange peel as an alternative to soap if you have an extremely sensitive skin, using homemade toners made of butter and salt, using glycerin and vitamin E is another effective option. Following home remedies if used bring out definitive results in the problem of open pores to make sure that there’s nothing that puts you down.


JOGADU : RAJESH MISHRA ... Ritten By - NEHA HOODA **********

शनिवार, जुलाई 25, 2015

तोंद कम करने के 17 सरल उपाय

पेट के निचले भाग की चर्बी को ऐसे कम कर सकते हैं : राजेश मिश्रा
 

अनियमित और मसालेदार भोजन के अलावा आरामपूर्ण जीवनशैली के चलते तोंद / पेट के निचले भाग की चर्बी एक वैश्विक समस्या बन गई है जिसके चलते डायबिटीज और हार्टअटैक का खतरा बढ़ जाता है। तोंद कई अन्य रोगों को भी जन्म देती है। इसके चलते व्यक्ति हमेशा शरीर में अच्छा फिल नहीं कर पाता।

कमर और पेट के आसपास इकट्ठा हुई अतिरिक्त चर्बी से किडनी और मूत्राशय में भी दिक्कतें होना शुरू हो जाती हैं। रीढ़ की हड्डी पर भी अतिरिक्त दबाव पड़ता है और जिसके चलते आए दिन कमर दर्द और साइड दर्द होता रहता है। अगर आप तोंद से छुटकारा पाकर फिर से उसे पेट बनाने की सोच रहे हैं तो यहां दिए जा रहे हैं 17 ऐसे उपाय जिसे करने में आपको अतिरिक्त श्रम नहीं करना पड़ेगा। जरूरी नहीं कि सभी 17 उपाय आप आजमाएं। किसी भी एक उपाय को नियमित करें तो 1 माह में लाभ नजर आने लगेगा।

* पेट की चर्बी घटाना आसान है पर वहीं पर पेट के निचले भाग की चर्बी घटाना थोड़ा मुश्‍किल है। हमारी लाइफस्‍टाइल कुछ ऐसी हो चुकी है कि हम ना चाह कर भी अपने शरीर का वजन बढ़ाते चले जा रहे हैं। कुछ लड़कियों का पूरा शरीर देखने में पतला लगता है पर पेट काफी ज्‍यादा निकला होता है। लेकिन जब आप किलो भर वजन कम करने लगेगीं तो ‘बैली फैट’ अपने आप ही खतम होने लगेगा।

* बैलेंस डाइट और रेगुलर एक्‍सरसाइज करने से आप अपना वज़न कंट्रोल कर सकते हैं।
* आपको कुछ ऐसे फूड बताउंगा जिसे खाने से आप अपने पेट के निचले भाग की चर्बी को कमकर सकते हैं। मैं आपको कोई डाइट करने के लिये नहीं बोल रहा हूँ, बल्कि यह ऐसे खाघ पदार्थ हैं, जो जल्‍दी से वजन कम करते हैं, जैसे नींबू पानी, जड़ी बूटियां, ग्रीन टी आदि।



* पेट के नीचे की चर्बी को घटाने के लिये हर रोज 7 से 8 गिलास पानी जरुर पियें। इससे शरीर की गंदगी बाहर निकलेगी और आपका मैटाबॉलिज्‍म बढेगा।

जड़ी बूटियां.....


* आपको सोडियम लेना कम करना होगा नहीं तो शरीर में पानी की मात्रा बढेगी और आप मोटे लगेगें। भोजन में नमक की मात्रा को केंट्रोल करें और इसे कंट्रोल करने के लिये कुछ तरह की जड़ी बूटियों का सेवन करें। त्रिफला खाएं और वजन घटाएं। आंवला या आंवले के जूस का सेवन भी कर सकतें हैं……


* शहद का सेवन करे ...मोटापा बढने की एक और वजह है, वह है चीनी की मात्रा। चीनी की जगह पर आप शहद का सेवन कर सकते हैं।

* दालचीनी पावडर से .... आप अपनी सुबह की कॉफी या चाय में दालचीनी पाउडर डाल कर ब्‍लड शुगर को कंट्रोल कर सकती हैं। यह एक चीनी को रिपलेस करने का एक अच्‍छा तरीका भी है।


* मेवे खाये ... फैट को कम करने के लिये आपको फैट खाना पडे़गा। जी हां, कई लोग इस बात पर यकीन नहीं करते हैं,
लेकिन मेवों में अच्‍छा फैट पाया जाता है। तो ऐसे में आप बादाम, मूगंफली और अखरोट आदि का सेवन करें। इनमें हेल्‍दी फैट होता है जो शरीर के लिये जरुरी होता है।


* एवोकाडो का सेवन भी फायदे मंद है .. इसमे ऐसा वसा होता है जो शरीर के लिये आवश्‍यक होता है। इसका जूस पीने से आपका पेट पूरे दिन भरा रहेगा और आप ओवर ईटिंग नहीं करेगें।

* संतरा ले ... आप को जब भी भूख लगे , तो उस समय अपने पर्स या बैग में संतरे रखें। इससे पेट भी भरा रहेगा और आप मोटे भी नहीं होगें।


* दही खाये .... अगर आपको पतला होना है तो अनहेल्‍दी डेजर्ट खाने से बचें और इसकी जगह पर दही खाएं। इसमें बहुत सारा पोषण होता है और कैलोरी बिल्‍कुल भी नहीं होती।


* ग्रीन टी दिन में एक कप ग्रीन टी पीने से लाभ मिलता है। इससे शरीर का मैटाबॉलिज्‍म बढता है और फैट बर्न होता है।


* सालमन.... इसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड होता है जो कि शरीर के लिये जरुरी वसा है और शरीर को अच्‍छे से कार्य करने के लिये मदद करता है। यह फैट आपका पेट पूरे दिन भरा रखता है और ज्‍यादा खाने से बचाता है।


* ब्रॉकली खाये ... इसमें विटामिन सी होता है और साथ ही यह शरीर में एक तत्‍व बनाता है जो कि शरीर फैट से एनर्जी को बदलने में प्रयोग करता है।


* नींबू का प्रयोग करे .... रोज सुबह नींबू पानी पीने से आपकी चर्बी कम हो सकती है। अगर पानी गर्म हो तो और भी अच्‍छा है। इसमें शहद मिला कर पीजिये।

* कच्‍चा लहसुन चबाने से पेट की निचले भाग की चर्बी कम होगी। अगर इसमें थोड़ा सा नींबू का रस छिड़क दिया जाए तो और भी अच्‍छा। इससे पेट भी कम होगा और ब्‍लड सर्कुलेशन भी अच्‍छा रहेगा।


* अपने भोजन में अदरक शामिल करें क्‍योंकि इसे खाने से पेट के निचले भाग की चर्बी कम होती है। इसमें एंटीऑक्‍सीडेंट होता है जो कि इंसुलिन को बढने से रोकता है और ब्‍लड शुगर लेवल कंट्रोल में रहता है।

रविवार, जुलाई 19, 2015

मधुमेह में एहतियात है बहुत जरुरी

डायबिटीज/मधुमेह में इन्हें आजमाएं और राहत पाएं : राज



मधुमेह चयापचयी विकारों से पनपने वाला रोग है जो शरीर की इन्सुलिन पैदा करने या इन्सुलिन का उपयोग करने की क्षमता को प्रभावित करता है। आंकड़ों की मानें तो भारत में ये रोग पूरी दुनिया के मुकाबले तेज़ी से बढ़ रहा है। युवाओं में इस रोग की बढ़ती तादाद से परेशान डॉक्टर इससे लड़ने की नई तकनीकों की तलाश में हैं। जिन्हें डायबिटीज होती है उन्हें खाने - पीने का खास ख्याल रखना पड़ता है ! डायबिटीज को कंट्रोल करने के लिए नियमित दिनचर्या और पोषणयुक्‍त आहार की जरूरत होती है ! ये कुछ ऐसी चीजें हैं जिन्हें डायबिटीज के रोगी खा सकते हैं … !

1.इसमें छुपा है ढेर सारा फाइबर … !

डायबिटीज है तो आप बींस आराम से खा सकते हैं ! बींस - मसूर - मटर - राजमा आदि खाने पर आपको ढेर सारा फाइबर मिलेगा ! रोजाना के भोजन में बीन्स और मसूर की दाल को शामिल कर लेना टाइप टू डायबिटीज से पीडि़त लोगों के लिए लाभकारी रहता है ! 
मधुमेह की काट करती है बीन्स ! बीन्स में प्रोटीन - कार्बोहाइड्रेट - विटामिन सी तथा कैल्शियम - फॉस्फोरस - आयरन - कैरोटीन - थायमीन - राइबोफ्लेविन - नियासीन आदि अनेक तरह के मिनरल और विटामिन मौजूद होते हैं ! इसमें सोडियम की मात्रा कम तथा पोटेशियम व मैग्नीशियम की मात्रा अधिक होती है - जो सेहत के लिए लाभदायक है ! बीन्स लेने से कब्ज की शिकायत नहीं होती - पेट भी साफ रहता है ! इसमें मौजूद फाइबर ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित रखता है !

2. सूखे .... ! लेकिन गुणों से भरपूर !!

मेवों में फाइबर - स्‍वस्‍थ वसा और मैगनीशियम होता है ! मेवे खाने से पेट भी लंबे समय तक भरा रहता है - अखरोट में फाइबर - विटामिन बी - मैग्‍नीशियम और एंटी आक्सिडेंट्स अधिक मात्रा में होते हैं ! इसको खाने से मधुमेह की बीमारी दूर रहती हैं ! डायबिटीज फाउंडेशन और नेशनल डायबिटीज, ओबेसिटी एंड कोलेस्ट्रॉल फाउंडेशन के हालिया शोध में हृदय संबंधी रोगों व मधुमेह में पिस्ते को लाभकारी पाया गया है !  मेवों में वसा बहुत ज्यादा होने के बावजूद ये डायबिटीज जैसी कई गंभीर बीमारियों के जोखिम कम करने में मददगार होते हैं ! काजू टाइप 2 डायबिटीज रोकने में मददगार होता है !

3. लेडी फिंगर करती है डायबिटीज की काट .... !

भिन्डी का सेवन मधुमेह के रोगियों के लिए काफी फायदेमंद होता हैं ।  यह रक्त शर्करा के स्तर को कम करने में मदद करती है । इसमें से एक चिपचिपा रस निकलता है जो कि शरीर में ग्‍लूकोज लेवल को कंट्रोल करता है! मधुमेह के रोगियों को भिंडी की अधकची सब्जी फायदा करती है - भिंडी विटामिन, खनिज, एंटीऑक्सीडेंट और फाइबर का अच्छा स्रोत है ! इसमें कैल्शियम, पोटेशियम, लोहा, मैग्नीशियम, मैंगनीज और फास्फोरस जैसे मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं !

4. ब्लड शुगर लेवल रहता है कंट्रोल में ..... !

गेहूं में बहुत सारा रेशा तथा विटामिन बी कॉम्प्‍लेक्‍स होता है, जो पाचन शक्‍ति को मजबूत बनाता है ! इसलिये साबुत वीट ब्रेड - रोटी या गेहूं के आटे से बना कोई भी व्‍यंजन शुगर लेवल को कंट्रोल में रखता है ! ओट्स - गेहूं या बाजरा हो - इन सभी में फाइबर - विटामिन ई - बी ~ आयरन - मैगनीशियम और सेलिनियम होता है !
साबुत अनाज का ग्लाइसैमिक इंडैक्स सफेद आटे के मुकाबले ब्लड शुगर को बेहतर तरीके से नियंत्रित करता है - एक नवीनतम शोध के अनुसार जो व्यक्ति साबुत अनाज का सेवन करते हैं उन्हें मधुमेह होने की संभावना कम होती है - शोध में पाया गया कि साबुत अनाज खाने वालों में इंसुलिन सेंस्टिविटी बेहतर पाई गई !

राजेश मिश्रा का ये नुस्खा जरूर अपनाएं 

तुलसी के पत्ते: तुलसी के पत्तों में ऐन्टीआक्सिडन्ट और ज़रूरी तेल होते हैं जो इजिनॉल, मेथिल इजिनॉल और कैरियोफ़ैलिन बनता है। ये सारे तत्व मिलकर इन्सुलिन जमा करने वाली और छोड़ने वाली कोशिकाओं को ठीक से काम करने में मदद करते हैं। इससे इन्सुलिन की संवेदनशीलता बढ़ती है। एक और फ़ायदा ये है कि पत्तियों में मौजूद ऐन्टीआक्सिडन्ट आक्सिडेटिव स्ट्रेस संबंधी कुप्रभावों को दूर करते हैं।
नुस्खा: शुगर लेवल को कम करने के लिए दो से तीन तुलसी के पत्ते खाली पेट लें, या एक टेबलस्पून तुलसी के पत्ते का जूस लें।
पटसन के बीज: इनमें फाइबर सामग्री बहुल मात्रा में पाई जाती है जो पाचन में तो मदद करते ही हैं साथ ही फैट और शुगर के अवशोषण में भी सहायक होते हैं। पटसन के बीज खाने से मधुमेह से ग्रसित मरीजों में शुगर की मात्रा 28 प्रतिशततक कम होती है।
नीलबदरी के पत्ते: मधुमेह को रोकने के लिए इसका इस्तेमाल आयुर्वेद में सदियों से हो रहा है. जर्नल ऑफ़ न्यूट्रीशन ने  कहा है कि इसकी पत्तियों में एंथोसियानीडीनस भारी मात्रा में मौजूद होते हैं जो चयापचय की प्रक्रिया और ग्लूकोज़ को शरीरके विभिन्न भागों में पहुंचाने की प्रक्रिया को समृद्ध करता है। अपने इस ख़ास गुण के कारण नीलबदरी के पत्ते ब्लड शुगरलेवल को कम करने में काफी कारगर होते हैं।
दालचीनी: ये इन्सुलिन की संवेदनशीलता को सुधारने के साथ-साथ ब्लड ग्लूकोज़ लेवल को भी कम करता है। अगर सिर्फ आधी चम्मच दालचीनी रोज़ ली जाए तो इन्सुलिन की संवेदनशीलता को सुधारा और अपने वज़न को नियंत्रित किया जा सकता है, जिससे ह्रदय संबंधी रोगों का खतरा कम हो जाता है।
नुस्खा: लगभग एक महीने के लिए अपने रोज़ के आहार में एक ग्राम दालचीनी का इस्तेमाल करें, इससे ब्लड शुगर लेवल को कम करने में मदद मिलेगी।
ग्रीन टी: ग्रीन टी में पॉलीफिनोल्स होते हैं जो एक मज़बूत एंटी-ऑक्सीडेंट और हाइपो-ग्लाइसेमिक तत्व हैं, इससे ब्लड शुगर को रिलीज़ करने में मदद मिलाती है और शरीर इन्सुलिन का सही तरह से इस्तेमाल कर पाता है।
सहजन के पत्ते: इसे मोरिंगा भी कहते हैं, इसके पत्तों में इसमें दूध की तुलना में चार गुना कैलशियम और दुगना प्रोटीन पाया जाता है। मधुमेह के मामलों में इन पत्तों के सेवन से भोजन के पाचन और रक्तचाप को कम करने में मदद मिलती है।
इसबगोल: पानी में मिलने के बाद इसबगोल की भूसी ‘जेल’ जैसा तत्व बनाती है जिसका सेवन ब्लड ग्लूकोज़ के अवशोषण और भोजन के पाचन को सुगम बनाता है। ये अल्सर और एसिडिटी से भी बचाता है।
करेला: करेले में इन्सुलिन-पोलिपेपटाइड होता है, ये एक ऐसा बायो-कैमिकल तत्व है जो ब्लड-शुगर को कम करने में उपयोगी है।
नुस्खा : हर हफ्ते कम से कम एक बार करेले की सब्जी या कढी ज़रूर लें. अगर आप जल्द असर चाहते हैं तो तीन दिनमें एक बार खाली पेट करेले का जूस लें।
नीम: देश में प्रचुर मात्रा में पाए जाने वाले नीम के पत्ते स्वाद में कडवे होते हैं पर इनमें बहुत सी खासियतें हैं। नीम इन्सुलिन रिसेप्टर सेंसिटिविटी बढाने के साथ साथ शिराओं व धमनियों में रक्त प्रवाह को ठीक करता है और हाइपो ग्लाय्केमिक ड्रग्स पर निर्भर होने से बचाता है।
नुस्खा: बेहतर नतीजों के लिए नीम के पत्तों का जूस रोज़ सुबह खाली पेट लें।
काला जामुन: ये ब्लड-शुगर को कम करने में मदद करता है और ह्रदय संबंधी बीमारियों से शरीर को दूर रखता है।

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