दादी-नानी और पिता-दादाजी के बातों का अनुसरण, संयम बरतते हुए समय के घेरे में रहकर जरा सा सावधानी बरतें तो कभी आपके घर में डॉ. नहीं आएगा. यहाँ पर दिए गए सभी नुस्खे और घरेलु उपचार कारगर और सिद्ध हैं... इसे अपनाकर अपने परिवार को निरोगी और सुखी बनायें.. रसोई घर के सब्जियों और फलों से उपचार एवं निखार पा सकते हैं. उसी की यहाँ जानकारी दी गई है. इस साइट में दिए गए कोई भी आलेख व्यावसायिक उद्देश्य से नहीं है. किसी भी दवा और नुस्खे को आजमाने से पहले एक बार नजदीकी डॉक्टर से परामर्श जरूर ले लें.
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शनिवार, नवंबर 21, 2015

तोंद कम करने के 51 सरल उपाय

पेट की चर्बी घटाने के सरल उपचार

Simple home remedies to reduce abdominal fat

शरीर पर चरबी का अधिक होना मोटापे का सबसे बड़ा लक्षण होता है। गलत तरह से खान-पान करना, रहन सहन में भी गलत तरीके प्रयोग करना आदि जैसी वजह से पेट बाहर निकल जाता है। और कमर की चरबी अधिक हो जाती है। धीरे-धीरे मोटापा गर्दन, हाथ और पैरों तक फैल जाता है। यानी इन जगहों पर चरबी अधिक हो जाती है। शरीर पूरी तरह से चरबी युक्त हो जाता है। और इंसान को चलने फिरने में भी दिक्कतों के साथ-साथ कई गंभीर बीमारीयों के होने का खतरा भी अधिक बढ़ जाता है। आइये आपको बताते है कमर की चरबी को कम कैसे करें। आयुर्वेद में इसका इलाज संभव है। कमर की चरबी कम करने के लिए राजेश मिश्रा द्वारा बताये गए आप इन उपायों का प्रयोग कर सकते हो. . कमर की चरबी को कम करने का सबसे पहला नियम जो आयुर्वेद में है.  वह है-
  • भूख से कम ही भोजन का सेवन करें। जितनी भूख है उससे कम ही खाना खायें। इससे पेट का आकार नहीं बढ़ता और पाचन भी ठीक रहता है। कम भोजन करने से पेट में गैस नहीं बनती है। कोशिश करें कि दिन में 2 बार शौच जाएं।सुबह उठते ही एक गिलास गरम पानी मे आधा नींबू निचोड़कर पीएं। इसमे एक चम्मच शहद मिलाकर पिएंगे तो ज्यादा फायदा होगा। इससे मेटाबोलिज़म तेज होता है और चर्बी जलती है।  
  • अदरक को टुकड़ों मे काट लें फिर एक कप पानी मे उबालें। 10 मिनिट तक उबालने के बाद अदरक बाहर निकाल दें और इसे चाय की तरह पीएं। 
  • लहसुन मे मोटापा कम करने के तत्व होते हैं। एक कप मामूली गरम पानी मे एक नींबू निचोड़ें। लहसुन की तीन जवे इस पानी के साथ लें। चर्बी कम करने का उम्दा उपाय है।  रोज सुबह खाली पेट लें. 
  • बादाम मे मौजूद ओमेगा 3 फेटी एसिड अनावश्यक पेट की चर्बी हटाने मे सहायक है। रोज रात को 9 बादाम पानी मे गलाए और सुबह इनको छीलकर खाएं।  
  • भोजन से आधे घंटे पूर्व एक चम्मच एप्पल सायडर वेनेगर को एक गिलास पानी मे मिलाकर पीएं।इससे ज्यादा केलोरी जलती है और चर्बी कम होती है। 
  • पुदेने के पत्ते और हरा धनिया के पत्ते पीस लें ,इसमे नमक और नींबू का रस मिलाकर चटनी तैयार करे। भोजन के साथ प्रयोग करें। इससे मेटाबोलिज़म तेज होता है और फालतू चर्बी खत्म होती है। 
  • एलोवेरा का जूस पीने से चर्बी पेट मे जमा नही होती| आधा गिलास गरम पानी मे 2 चम्मच एलोवेरा जूस और एक चम्मच जीरा मिश्रण करें।  रोज सुबह खाली पेट लें और लेने के बाद एक घंटे तक कुछ न खाएं। चर्बी कम करने का बेहतरीन उपचार है। 
  • अपनी दिनचर्या मे कसरत और मॉर्निंग वाक को आवश्यक रूप से शामिल करें।  
  • मोटापे से मुक्ति का एक और बड़ा सरल उपाय यह है कि भोजन के तुरंत बाद पानी का सेवन न करें। भोजन करने के लगभग 1 घंटे के बाद ही पानी पीयें। इससे कमर का मोटाप नहीं बढ़ता है। और यह तरीका पेट को कम करने में भी मददगार होता है।
  • भोजन में अधिक से अधिक जौ से बने आटे की रोटियों का इस्तेमाल करें। गेहूं के आटे की रोटी का सेवन बिलकुल कम कर दें। जौ शरीर में मौजूद अतरिक्त चरबी को कम कर देता है। जिससे कमर और पेट की चरबी कम हो जाती है।
  • वजन कम करने और अतरिक्त चरबी को कम करने के लिए आपको यह भी पता होना चाहिए कि भोजन में किन चीजों को इस्तेमाल करें और किन का नहीं। आपको चावल, आलू और चपाती का सेवन कम से कम मात्रा में करना चाहिए साथ ही खाने में कच्चा सलाद, सब्जी और मिक्स वेज का सेवन अधिक से अधिक करना चाहिए।
  • हमेशा खाना भूख लगने पर ही खाएं। खाना खाते वक्त यह बात जरूर ध्यान रखें कि खाने को मुंह में अच्छी तरह से बारीकी से चबाकर खाएं ताकि आसानी से भोजन गले से नीचे उतर सके।
  • सुबह के नाश्ते में आप चना, मूंग और सोयाबीन को अधिक से अधिक खाने में उपयोग करें। अंकुरित अनाज में आपको भरपूर मात्रा में पौष्टिक तत्व आपको मिलेगें। जो मोटापा को बढ़ने नहीं देगें। दलिया को भी आप अपने नाश्ते में जरूर शामिल करें।
  • कमर की अधिक चरबी को कम करने के लिए आपको अपने खाने में हरी सब्जियों का अत्याधिक सेवन करना चाहिए। आप मेथी, पालक, चैलाई की सब्जी को अपने खाने में शमिल करें। हरी सब्जियों में मौजूद कैल्श्यिम और फाइबर आपके शरीर में पोषक तत्वों को पहुंचाते हैं। और इनसे आपका शरीर भी स्वस्थ रहेगा।
  • गर्मियों में दही या मट्ठा के सेवन करने से शरीर के चरबी घटती है। दिन में 2 से 3 बार मट्ठा का सेवन करें।
  • सुबह खाली पेट गरम पानी में 2 चम्मच शहद डालकर 2 महीने तक सेवन करने से कमर का मोटापा कम होता है। इसके अलावा तेल की मालिश करने से भी कमर की चरबी को कम किया जा सकता है।

छिलके वाली दाल का प्रयोग

वजन कम करने के लिए छिलके वाली दाल का प्रयोग करें। इसमें प्रोटीन की मात्रा कम होती है। रोजाना सेवन करने से कोलेस्ट्राल की मात्रा भी शरीर में कम होती है जिसकी वजह से वजन कम हो जाता है।

सलाद का सेवन

  • सुबह हो या शाम आपको सलाद का सेवन जरूर करना है। इससे आपको कम कैलोरी और हाई फाइबर मिलता है जो कमर की चरबी को आसानी से कम करता है।
  • खाना खाने के बाद एक गिलास गर्म पानी को घूंट लेकर पीएं आपका मोटापा कम होगा।
  • रात्री को सोने से 2 घंटा पहले खाना खाएं।

बाहर निकला हुआ पेट अंदर करने के आसान घरेलू तरीके : राज 

  1. नियमित रूप से पपीता का सेवन करें। पपीता हर मौसम में मिलता है। यह पेट की चर्बी को जल्दी घटाता है।
  2. पत्तागोभी का जूस रोज पीएं। इसकी आदत डाल लें। इस जूस में चर्बी को घटाने के गुण होते हैं।
  3. जितना हो सके आलू, चावल और शक्कर का सेवन कम से कम कर दें। क्योंकि इनमें अधिक कार्बोहाइड्रेट होता है।
  4. गेहूं के आटे की रोटी खाने की बजाए सोयाबीन, चना और गेहूं के आटे को मिलाकर यानी मिश्रित आटे की रोटी का सेवन करें।
  5. छाछ भी तेजी से वजन घटाती है इसलिए एक दिन में दो से तीन बारी छाछ का सेवन करें।
  6. अपने खाने में दही का इस्तेमाल जरूर करें। पेट को अंदर करने के लिए दही सेवन फायदेमंद है।
  7. हल्दी और आंवले के चूर्ण को बराबर मात्रा में मिला लें और इसे छाछ के साथ मिलाकर पीएं। यह कमर को बिलकुल पतला और स्लिम बनाती है।
  8. यदि मोटापा कम नहीं हो रहा हो तो अपने खाने में हरी मिर्च या काली मिर्च को शामिल करें। नए शोध में बताया गया है कि वजन कम करने के लिए सबसे आसान तरीका है मिर्च को खाना। मिर्च में कैप्साइसिन तत्व पाया जाता है जो भूख को कम करता है और इससे उर्जा की खपत बढ़ती है और वजन नियंत्रण में रहता है।
  9. 2 चम्मच शहद को एक चम्मच पुदीने के रस में मिलाकर नियमित लेने से पेट अंदर होता है और वजन भी घटता है।
  10. पुदीने की चाय बनाकर पीने से मोटापा जल्दी कम होता है।
  11. फलों और सब्जियों में कैलोरी कम होती है इसलिए जितना हो सके आप फलों और सब्जियों का सेवन अधिक करें। केवल चीकू और केला न खाएं। ये मोटापा बढ़ाते हैं।
  12. टमाटर का 250 ग्राम रस 3 महीने तक सुबह खाली पेट लें। यह बहार निकले हुए पेट को अंदर कर देगा।
  13. सलाद में प्याज और टमाटर खाएं और इसमें नमक और काली मिर्च का पउडर डालें। सलाद खाने से पेट जल्दी भरता है और वजन नियंत्रित होता है।
  14. वजन कम करना कठिन नहीं है बस आपको अपने खान-पान में थोड़ा चेंज करना है। जिससे आप पतले और स्लिम होने लगोगे। जितना हो सके फास्ट फूड से परहेज करें। क्योंकि एक बार मोटापा बढ़ता है तब यह आसानी से घटता नहीं है जिस वजह से उम्र तो अधिक लगने लगती है साथ ही अनेक बीमारीयां भी शरीर पर लगने लगती है।
  15. आपको अपने जीवन शैली में एक छोटा सा परिवर्तन लाना जरूरी है। जैसे चढ़ने और उतरने के लिए सीढ़ी का इस्तेमाल करें। साईक्लिंग करना, जाॅगिंग, टहलना, और व्यायाम जरूर करें। एैसा करने से आपकी कमर की चरबी तो कम होगी ही साथ ही आपको मोटापे से मुक्ति मिल जाएगी। इसलिए आप इन घरेलू उपायों को अपनाकर पेट की चर्बी को कम कर सकते हो।

    अंत में राजेश मिश्रा का राम राम स्वीकार करें 

गुरुवार, जुलाई 30, 2015

मोटापा कम करने के लिए डाइट चार्ट

60 दिनों के डाइट चार्ट से पा सकते हैं
एक परफेक्ट और फिट बॉडी : राज

मोटापा कम करना एक बहुत बड़ा चैलेंज है, खास तौर पर तब, जब वजन कुछ ज्‍यादा ही हो। ऐसे समय वजन कम करने के थका देने वाले शेड्यूल से भी कोई फायदा नहीं होता है। हर कोई स्‍लीम होने ... कई बार लोग डाइट के नाम पर भूखे रहते हैं, जो सेहत के लिए नुकसानदाई होता है। वजन घटाने के ... अपने डाइट चार्ट से अनहेल्‍दी फूड हटाकर कुछ ऐसी चीजें बढा़एं, जो स्वादिष्ट न हो लेकिन पोषक हो।
एक अच्छी पर्सनैलिटी की पहचान स्वस्थ शरीर से होती है। आप अपने काम में तभी परफेक्ट हो पाएंगे, जब आपका स्वास्थ्य अच्छा होगा और आप फिट होंगे। बिज़ी लाइफस्टाइल के चलते, आजकल सभी अपनी फिटनेस का ख़ास ख़्याल रखते हैं। फिट बॉडी के लिए ज़रूरी है कि आपकी डाइट भी हेल्दी हो। सही डाइट अगर नियमित रूप से टाइम पर ली जाए, तो आपका स्वास्थ्य सही रहेगा। इसके साथ एक्सरसाइज़ करना भी ज़रूरी है। यहां हेल्थ और वेलनेस गुरू आपको बता रहे हैं 2 महीने का डाइट प्लान। इससे आप बिना जिम गए और बिना पैसे खर्च किए सिर्फ 60 दिनों में पा सकते हैं एक परफेक्ट और फिट बॉडी।



Day 1
आज आपके हेल्थ प्रोग्राम का पहला दिन है। हमेशा ध्यान रखें कि आप जो भी आहार ले रहे हैं, वो सही मात्रा में हो। अपनी डाइट से स्टार्ची फूड जैसे ब्रेड, पास्ता और आलू को कम करें, क्योंकि इनमें बहुत ज़्यादा कैलोरीज़ होती हैं।

Day 2
आज आपके प्रोग्राम का दूसरा दिन है। फल खाना स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है, लेकिन अगर आप अपने शरीर से एक्सट्रा फैट कम करना चाहते हैं, तो कुछ फल जैसे केला, चीकू, अंगूर और आम को अपनी डाइट में शामिल न करें। जूस लेने से बेहतर है फल खाएं।

Day 3
आज आपके डाइट चार्ट में हैं हेल्दी स्नैक्स। स्नैक्स में आप डिप की हुई वेजिटेबल सलाद, घर पर भुने हुए कुरमुरे, भेल, बिना मक्खन लगे हुए पॉपकॉर्न, ड्राय फूट्स और स्प्राउट्स खा सकते हैं। इससे आपको पूरे दिन के लिए एनर्जी मिलेगी।


Day 4

अपने हेल्थ प्रोग्राम में डाइट के साथ एक्सरसाइज़ भी शामिल करें, जैसे लिफ्ट के बजाए सीढ़ियों का इस्तेमाल करना, मॉर्निंग वॉक।

Day 5
अगर आपको रात में उठ-उठकर खाने की आदत के लिए टोका जाता है, तो उन्हें बताएं कि यह खराब आदत नहीं हैं, बल्कि एक साथ ज़्यादा खाने से अच्छा है रुक-रुककर खाना। एेसा करने से एक बार में आपके शरीर में ज़्यादा फैट इकट्ठा नहीं होगा।

Day 6
चाय, कॉफी क्लोरीन युक्त पानी और सॉफ्ट ड्रिंक्स की जगह सोया मिल्क, वेजिटेबल जूस, फ्रूट जूस, सादा पानी और एलोवेरा जूस पिएं। इससे आप स्लिम एंड ट्रिम दिखेंगे।

Day 7
अगर आपको स्विमिंग आती है, तो यह रोज़ करें। इससे आपकी एक्सट्रा कैलोरीज़ बर्न होती हैं और आप फिट रहते हैं।

Day 8
प्योर वेजिटेरियन डाइट अपनाएं, जिसमें फलों और सब्जियों की भरपूर मात्रा हो। इसे वेदिक डाइट कहते हैं। इसके अलावा, स्प्राउट्स और अदरक-शहद को गर्म पानी में मिक्स करके पिएं। इससे शरीर का एक्सट्रा फैट कम होता है।

Day 9
क्या आपको पता है कि फल और सब्जियों के रंग भी शरीर को स्वस्थ बनाते हैं? लाल और नारंगी रंग के फल और सब्ज़ियों से नर्वस सिस्टम ठीक तरह से काम करता है। हरा रंग शरीर के एसिड और एल्कालाइन लेवल को संतुलित रखता है। जामुनी रंग के फल और सब्ज़ियां भी सेहत के लिए अच्छी होती हैं और आप आरामदेह महसूस करते हैं।

Day 10
अपनी डाइट में फ्रेश और नेचुरल तरीके से पकाए गए आहार ही शामिल करें। अल्कोहल और निकोटीन से बचें। रोज़ कम-से-कम 30 मिनट के लिए सैर करें। इससे आपके शरीर की थकान दूर होगी और दिमाग को भी शांति मिलेगी।

Day 11
आपके हेल्थ प्रोग्राम के दस दिन बीत चुके हैं। उम्मीद है कि आप हमारे डाइट चार्ट को फॉलो कर रहे हैं और फिटनेस की ओर बढ़ रहे हैं। अंगूर, केला, चीकू और आम को छोड़कर आप अच्छे से बाकी फल खाएं।

Day12
रोज़ कम-से-कम 2 लीटर पानी ज़रूर पिएं। एक गिलास पानी आपको 15 से 20 मिनट तक भूख लगने से रोकता है। साथ ही, पानी पीने से शरीर की आंतरिक गंदगी दूर होती है। इसलिए सॉफ्ट ड्रिंक्स, कॉफी और शेक के बजाए पानी भरपूर मात्रा में लें। वेजिटेरियन फूड लेने के साथ अपनी डाइट में तुलसी, गेहूं के जवारे, एलोवेरा, जिनसेंग (औषधीय पौधा, जो दक्षिण एशिया और उत्तर अमेरिका में पाया जाता हैं) को शामिल करें। यह आपके शरीर के इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाएगा और आपको सीज़नल इंफेक्शन से दूर रखेगा।

Day 14
स्नैक्स में हाई कैलोरीज़ और ऑयली फूड को अवॉइड करें। इसकी जगह मुट्ठी भर बादाम खाएं। इसमें प्रोटीन्स, मिनरल्स और अनसैचुरेटेड फैट होता है, जो ब्लड कोलेस्ट्रोल के लिए फायदेमंद है।आमतौर पर फूड फैट दो तरह के होते हैं- सैचुरेटेड फैट और अनसैचुरेटेड फैट। अनसैचुरेटेड फैट बेहतर होता है। यह वेजिटेबल ऑयल, नट्स और सीफूड में पाया जाता है।

Day 15
अच्छे स्वास्थ्य के लिए डिनर लाइट और कार्बोहाइड्रेट्स-फ्री होना चाहिए। सूप या सलाद डिनर के लिए बहुत हेल्दी होता है। डिनर करने के करीब 3 से 4 घंटे बाद सोना चाहिए।

Day 16

अगर आप वेजिटेरियन हैं, तो मीट, डेयरी प्रोडक्ट्स (दूध, पनीर) और अंडे की जगह सोया मिल्क पी सकते हैं। मीट न खाने का फायदा यह होता है कि इससे कैंसर, डायबिटीज़, मोटापा और दिल से संबंधित बीमारियां होेने के चांसेस कम हो जाते हैं।

Day 17
ऐसा मत सोचिए कि आपकी खाने की आदत एक ही दिन में बदल जाएगी। इसके लिए हर रोज़ एक्सरसाइज़ करनी भी ज़रूरी है।

Day 18
यह ज़रूरी नहीं है कि दिन में आपको तीन बार ही खाना है। आप थोड़ी-थोड़ी मात्रा में दिन में 4 से 5 बार भी खा सकते हैं। हर 3 से 4 घंटे में खाने से आपका ब्लड शुगर लेवल नॉर्मल रहेगा और शरीर में एक्सट्रा फैट नहीं जमेगा।

Day 19
आपके आहार का ग्लाइसेमिक इन्डेक्स खाने के बाद शरीर के ब्लड शुगर को प्रभावित करता है। ग्लाइसेमिक इन्डेक्स एक प्रकार का न्यूमेरिकल मेज़रमेंट होता है। इससे यह मापा जाता है कि कौन-सा फूड आइटम ब्लड शुगर लेवल को कितना और कितनी तेजी से बढ़ा रहा है। इसलिए (low GI) कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स भोजन, जैसे- गेहूं की ब्रेड, पास्ता, उबले हुए आलू और अनपॉलिश्ड चावल का सेवन कीजिए। इनमें कार्बोहाइड्रेट्स कम होते हैं।

Day 20
भोजन में नमक की उचित मात्रा ही लेनी चाहिए। वो प्रोडक्ट्स जिनमें नमक ज़्यादा होता है, जैसे सॉस, कैचअप, चिप्स, पापड़, अचार, कैन और टिन वाले फूड आइटम्स को अवॉइड करना चाहिए।

Day 21
सोया में phytoestrogens होते हैं, जो महिलाओं में स्तन/ब्रेस्ट और ओवेरीअन/गर्भाशय कैंसर की संभावना कम करते हैं। सोया मिल्क दूसरे हाई प्रोटीन ड्रिंक्स की तुलना में बेहतर होता है, इसलिए खाने में पनीर की जगह टोफू खाएं। टोफू सोया दूध को जमाकर बनाया जाता है। जमी हुई दही को छोटे-छोटे टुकड़ों में काटकर खाएं।


Day 22
केला हाई ब्लड प्रेशर के लिए अच्छा होता है, क्योंकि इसमें पोटेशियम की मात्रा ज़्यादा और सोडियम की मात्रा कम होती है। केला फाइबर्स का मुख्य स्रोत है और इससे पाचन क्रिया भी सही रहती है। केले के सेवन से तुरंत एनर्जी मिलती है।

Day 23
अल्कोहल, क्लोरीन युक्त पानी और सॉफ्ट ड्रिंक्स को अपनी डाइट से पूरी तरह हटा दीजिए। इनमें एनर्जी तो होती है, लेकिन न्यूट्रिशन बिल्कुल भी नहीं होता। इसकी जगह वेजिटेबल जूस, कोकोनट वॉटर, हर्बल चाय और चीनी डाले बिना, यानी अनस्वीटन्ड फ्रूट जूस पिएं।

Day 24
फ़िजिकल एक्टिविटी से थकान और स्ट्रेस दूर होता है। कभी-कभी बोरियत, डिप्रेशन और टेंशन में हम ज़्यादा खाना शुरू कर देते हैं। इसलिए एक्सरसाइज़ ज़रूर करें।बोरियत महसूस होने पर खाना खाने की जगह, म्यूज़िक सुनें या फिर कुछ ऐसा काम करें, जिससे आपको खुशी हो।

Day 25
एक दिन में एक बड़े चम्मच से ज़्यादा तेल का इस्तेमाल बिल्कुल न करें। आप ऑलिव आयल या राइस ब्रैन ऑयल यूज़ कर सकते हैं। फूड आइटम्स को डीप फ्राइ करने की जगह ग्रिल या बेक करें।

DAY 26
जैसा कि हम पहले भी बता चुके हैं कि स्वस्थ और फिट रहने के लिए अपने भोजन में नॉनवेज, जैसे मीट, चिकन शामिल न करें। इससे न सिर्फ मोटापा बढ़ता है, बल्कि इनमें कैंसर पैदा करने वाले तत्व भी मौजूद होते हैं। खासकर रेड मीट (गर्म मीट- सुअर, भैंस का) का सेवन कतई न करें। अगर आप नॉनवेज खाना ही चाहते हैं, तो फ्राइड फिश खाएं और अंडे का सफेद पोर्शन खाएं।

Day 27
इन टिप्स से आपको वज़न कम करने में मदद मिलेगी। 1- जब भी खाना खाएं, छोटी प्लेट में ही सर्व करें और हर बाइट को धीरे-धीरे चबा-चबा कर खाएं। 2- अगर आपका फेवरेट फूड भी है, तो भी ज़्यादा न खाएं। 3- कभी भी पूरा पेट भरकर नहीं खाएं।

Day 28

अपने भोजन में लहसुन का इस्तेमाल करें। लहसुन में रोग प्रतिरोधक क्षमता होती है। यह लिवर में carcinogens (एक प्रकार का कैंसरकारी पदार्थ) को निष्क्रिय करता है। इसलिए स्वस्थ रहने के लिए सलाद और सॉस में लहसुन ज़रूर डालें। सब्ज़ी बनाते हुए भी लहसुन-अदरक का पेस्ट डालना चाहिए। इससे सब्ज़ी का स्वाद भी बढ़ेगा और यह फायदा भी करेगा।

Day 29
पूरे दिन में नमक की मात्रा 2500 मिली ग्राम से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। अगर नमक ज़्यादा लगे, तो नींबू भी खाने में डाल सकते हैं।

Day 30

आज आपके हेल्थ प्रोग्राम का एक महीना पूरा हुआ। हम उम्मीद करते हैं कि आप हमारे द्वारा बताए डाइट चार्ट को फॉलो कर रहे होंगे और अपनी सेहत में सुधार कर रहे होंगे। इस डाइट चार्ट को लंबे समय तक फॉलो करते रहने से आप अपनी फिटनेस को बरकरार रख पाएंगे।

Day 31

कुछ लोग डाइटिंग का गलत मतलब निकालते हैं और पतले होने के लिए खाना-पीना तक छोड़ देते हैं। यह एक अनहेल्दी और खतरनाक तरीका है। भोजन से सिर्फ भूख ही नहीं मिटती, बल्कि हमारे शरीर को एनर्जी भी मिलती है। अगर हम पर्याप्त भोजन नहीं करेंगे और भूखे रहेंगे, तो बीमार पड़ सकते हैं। इसलिए डाइटिंग का सही तरीका अपनाएं और फिट रहें।

Day 32
हमारा शरीर ब्रह्मांड की शक्तियों से प्रभावित होता है। इसलिए इस बात का ध्यान रखें कि जब भी आप कोई एक्सरसाइज़ करें तो मुंह पूर्व दिशा की ओर होना चाहिए। इससे शरीर का मेटाबॉलिक रेट बढ़ता है। एक्सरसाइज़ के दौरान अपनी गर्दन और बॉडी पार्ट्स को क्लॉकवाइस घुमाएं।

Day 33

एक्टिव रहना बहुत ज़रूरी है। एक ही जगह बैठे रहने से शरीर में फैट इकट्ठा होता रहता है। इसलिए अपने रूटीन में योगा, एक्सरसाइज़, वॉकिंग, जॉगिंग और एरोबिक्स शामिल करें। इससे शरीर की थकान दूर होती है और आप एक्टिव भी रहते हैं।

Day 34
एक्वा/वॉटर ऐरोबिक्स से शरीर की मांसपेशियां शेप में आती हैं। इससे ज्वाइंट और मांसपेशियों की चोट भी सही होती है। अपनी मेंटल हेल्थ सुधारने के लिए अच्छी तरह सांस लें।

Day 35
सांस लेना एक स्वाभाविक प्रक्रिया है, लेकिन इससे आपकी मेंटल हेल्थ भी सही रहती है। जैसे कि अगर आप कन्फ्यूज़्ड हैं, तो लंबी सांसें लीजिए। जब भी आप टेंशन में हों, तो लंबी सांसें लें। कुछ देर में आप रिलैक्स्ड महसूस करेंगे।

Day 36
रोज़ बैलेंस्ड डाइट लें, जिसमें कैल्शियम, विटामिन और मिनरल्स की पर्याप्त मात्रा हो। फलों और सब्जियों का जूस भी पिएं।

Day 37

गाय के दूध की जगह सोया मिल्क पीना शुरू करें। नॉनवेज जैसे मीट और अंडे की जगह फलों और सब्जियों को अपनी डाइट में शामिल करें। इससे कैंसर की संभावना कम हो जाती है।

Day 38
ताज़े सब्ज़ी और फल ही खाएं, यह शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं। इसी तरह स्प्राउट्स और बादाम को भी अपने भोजन में शामिल करें। इससे आपके शरीर के साथ दिमाग को भी पॉज़िटिव एनर्जी मिलेगी।

Day 39
अपने शरीर को ठंडा रखने के लिए खीरे का खूब जूस पिएं। गर्मियों के दिनों में इसके साथ पुदीना भी ले सकते हैं। ज़्यादा मिर्च-मसाला और तली हुई चीज़ों से बचकर रहें। नारियल पानी पिएं।

Day 40
फलों और सब्ज़ियों से आपका नर्वस सिस्टम ठीक रहता है। ज़्यादा गुस्सा करने से भी बचें। जब भी गुस्सा आए, तो लंबी सांसें लें।

Day 41

एक छोटी प्लेट में जितना आ पाए, उतना ही खाएं। इसके बाद भी भूख लगे, तो आप कुछ हल्का और हेल्दी खा सकते हैं।

Day 42

फाइबर शरीर के लिए बहुत ज़रूरी होता है, लेकिन इसकी ज़्यादा मात्रा से पेट फूलने लगता है। अगर आप ज़्यादा फाइबर की मात्रा ले रहे हैं, तो इसके बाद खूब सारा पानी पिएं।

Day 43
शरीर को नुकसान पहुंचाने वाले पदार्थ जैसे धूम्रपान, शराब, ड्रग्स, नॉनवेज और डेयरी प्रोडक्ट्स से बचकर रहें।

Day 44
वर्कआउट करने से शरीर में नए सेल्स का निर्माण होता है। इससे एनर्जी मिलती है। साथ ही, यह शरीर के सात चक्रों को एक सीध में संतुलित करता है।

Day 45
वेजिटेरियन फूड से शरीर और दिमाग को शक्ति मिलती है।

Day 46
योगा को अपने रूटीन में शामिल करें। योगा की प्रैक्टिस से शरीर को मज़बूती मिलती है।

Day 47
सोया में हाई प्रोटीन होता है। इसमें मीट के बराबर प्रोटीन तो होता ही है, साथ ही इसमें phytoestrogens हैं, जो महिलाओं में होने वाले स्तन और गर्भाशय कैंसर की संभावना कम करते हैं।

Day 48

ऐसा भोजन करें, जो ताज़ा हो, बनाने में आसान हो और नेचुरल तरीके से पकाया गया हो। पैकेज्ड फूट को अवॉइड करें। इससे आप मानसिक और शारीरिक रूप से स्वस्थ रहेंगे।

DAY 49

भोजन में सजावट के लिए चीज़ और क्रीम की जगह नींबू के रस का इस्तेमाल करें। इसी तरह सुबह उठकर नींबू के रस को गर्म पानी में मिलाकर पिएं और अपने दिन की एक हेल्दी शुरुआत करें। इससे आप पूरे दिन एक्टिव रहेंगे।

DAY 50
स्वस्थ रहने के लिए सिर्फ हेल्दी खाना ही नहीं, बल्कि एक्सरसाइज़ भी बहुत ज़रूरी है। इसलिए अपनी दिनचर्या में फिज़िकल एक्टिविटी शामिल करें। इससे आपकी थकान दूर होगी, साथ ही यह आपकी भूख और वज़न को कंट्रोल में रखेगा।

DAY 51
रिफाइंड शुगर का सेवन कम करें और ज्याद़ा मीठा खाने से बचें। चीनी से स्किन कोलेजन्स डैमेज हो जाते हैं। कोलेजन एक प्रकार का प्रोटीन है, जो हमारे शरीर में पाया जाता है। यह स्किन टिश्यू को आपस में जोड़ता है। कोलेजन के नष्ट हो जाने से त्वचा ढीली पड़ने लगती है।

DAY 52
सफेद रंग के आहार से बचें। इसमें डेयरी प्रोडक्ट्स, चीनी, चावल, ब्रेड और मैदा आते हैं। इनकी जगह आप गेहूं की बनी चीजें, जैसे ब्राउन या रेड राइस, व्हीट पास्ता और ब्रेड लें।

DAY 53

वज़न कम करने के लिए खाली पेट रहने का नुस्खा कभी मत अपनाएं। भूखे रहने के बाद जब आप खाना खाते हैं, तो आपके शरीर में एक्स्ट्रा फैट स्टोर हो जाता है, इसलिए खाना ज़रूर खाएं। वज़न कम करने के लिए आप कम मात्रा में दिन में 4 से 5 बार खाएं।

DAY 54

पालक, टमाटर और पपीते को अपने खाने में ज़रूर शामिल करें। इसमें एंटी-ऑक्सीडेंट्स की मात्रा बहुत ज़्यादा होती है, जो अर्ली साइन ऑफ एजिंग से स्किन को प्रोटेक्ट करते हैं और आंखों को भी स्वस्थ रखते हैं।

DAY 55
कई टिप्स हैं जो वज़न घटाने में असरदार हो सकते हैं, जैसे हर बाइट को चबा-चबाकर खाना। साथ ही, जितना एक बार में खा सकते हैं, उतना ही खाएं और टीवी के सामने बैठकर खाने से बचें।

DAY 56
पिलाटेस शरीर और दिमाग की एक्सरसाइज़ होती है। इससे शरीर की मांसपेशियां मज़बूत होती हैं और बॉडी पोस्चर ठीक रहता है। इसलिए हर रोज़ पिलाटेस का अभ्यास करना चाहिए।

DAY 57
रोज़ 2 से 3 लीटर शुद्ध पानी पिएं। यह नेचुरल मिनरल्स से भरपूर होता है। पानी से चेहरा साफ और हाइड्रेटेड रहता है। सिर्फ यही नहीं, इससे डायजेशन सिस्टम भी सही रहता है।

DAY 58
क्लोरीन मिला हुआ पानी और कोल्ड ड्रिंक्स को अपनी डाइट से दूर रखें।

Day 59
दिन की शुरुआत सूर्य नमस्कार से करें। एक बार सूर्य नमस्कार करने से शरीर में पूरी तरह से खिंचाव आता है, जिससे सारे ज्वाइंट खुल जाते हैं। एक से ज़्यादा बार करने से आपको हार्ट प्रॉब्लम्स भी नहीं होतीं।

Day 60
रोज़ मेडिटेशन करें। इससे थकान तो दूर होती ही है, साथ ही यह आपको ऊर्जा देता है। इससे आपका कॉन्सन्ट्रेशन भी सही रहता है। इस तरह यह 60 दिनों का हेल्थ प्रोग्राम फॉलो करने से आप बिल्कुल फिट रहेंगे।

अब राजेश मिश्रा को इज़ाज़त दीजिये... मुझे आशा है... आप सभी को ये डाइट चार्ट पसंद आया होगा और आपके साथ आपके पुरे परिवार के लिए फायदेमंद साबित होगा.. 

Rajesh Mishra, Kolkata

सोमवार, अप्रैल 27, 2015

कमर का वजन घटाना हो गया आसान

Easy weight loss was Waist

कुछ ही दिनों में पाएं मनचाहा कमर

शरीर पर चरबी का अधिक होना मोटापे का सबसे बड़ा लक्षण होता है। गलत तरह से खान-पान करना, रहन सहन में भी गलत तरीके प्रयोग करना आदि जैसी वजह से पेट बाहर निकल जाता है। और कमर की चरबी अधिक हो जाती है। धीरे-धीरे मोटापा गर्दन, हाथ और पैरों तक फैल जाता है। यानी इन जगहों पर चरबी अधिक हो जाती है। शरीर पूरी तरह से चरबी युक्त हो जाता है। और इंसान को चलने फिरने में भी दिक्कतों के साथ-साथ कई गंभीर बीमारीयों के होने का खतरा भी अधिक बढ़ जाता है। आइये आपको बताते है कमर की चरबी को कम कैसे करें। आयुर्वेद में इसका इलाज संभव है।

हैल्थ ऐक्सपर्ट की सलाह पर जिम जाने से ही पेट कम नहीं हो जाएगा. वरन जिम में जा कर कब क्या करें कब क्या न करें, इस की जानकारी होनी भी जरूरी है... 

कमर कम करने की सब से बड़ी रुकावट है जानकारी की कमी. आप यह टैस्ट कर के देख लें. अपने आसपास के जिमों में जा कर देखें, ज्यादातर मोटी महिलाएं जमीन या मशीन पर लेट कर अथवा कई और तरीकों से क्रंचेस (क्रंचेस आमतौर पर वे कसरतें होती हैं, जिन में आप घुटनों को नाक की तरफ लाती हैं या फिर नाक को पेट की तरफ) करती मिलेंगी. यह सब से पौपुलर कसरत है.

यह कसरत 1-2 माह जम कर करने का नतीजा निकलता है कमर में कुछ सैंटीमीटर की कमी आना और पेट का सख्त होना. मैडम, क्रंचेस से सिर्फ पेट सख्त होता है. ये कसरतें उन लोगों के लिए हैं, जिन का पेट फ्लैट है और उन्हें ऐब्स बनाने हैं. अगर आप मोटी हैं, तो आप को फुल बौडी ऐक्सरसाइज करनी होगी. यकीन नहीं आता तो किसी बड़े हैल्थ प्रोफैशनल से कनफर्म कर लें. हम यह नहीं कह रहे कि क्रंचेस किसी काम के नहीं, मगर मोटे लोगों के लिए ये कुल कसरत का 10% ही रहें तो ही ठीक है.

पेट को कम करने वाली कुछ कसरतें

रनिंग, साइकिलिंग, पीटी, क्रौस टे्रनर, बर्पी, स्क्वेट थ्रस्ट, बौक्स जंप, स्किपिंग, कैटलबौल अथवा डंबल स्विंग. अगर आप के पास इंटरनैट की सुविधा है तो इन में से जिन कसरतों के बारे में आप को नहीं पता, उन्हें इसी नाम से सर्च कर के तसवीरें देखें. आप तुरंत समझ जाएंगी.

जरूर घटेगा पेट

आप जिम जाएं, पार्क जाएं और ऐसी कसरतों का चुनाव करें, जिन में आप के ज्यादा से ज्यादा बौडी पार्ट हिस्सा लें. इस बात को गांठ बांध लें कि स्पौट रिडक्शन जैसा कुछ नहीं होता. आप यह सोचें कि सिर्फ कमर कम हो जाए बाकी सब वैसा ही रहे तो यह सिर्फ प्रोफैशनल बौडी बिल्डरों के बस की बात है.

पेट के बारे में सोचना छोड़ कर वेट के बारे में सोचें. वेट कम करने के लिए कार्डियो (रनिंग, पीटी आदि) के साथसाथ वेट टे्रनिंग भी जरूरी है. विज्ञान के साथ चलेंगी तो वक्त और पैसा बरबाद होने से बचा पाएंगी. टाइम ज्यादा है और पास नहीं हो रहा तो ठीक है वरना अपनी कसरत में स्ट्रैचिंग को कम से कम शामिल करें. यह आप के किसी काम की नहीं. जरूरत से ज्यादा कार्डियो का मतलब है अपने पैरों की मसल्स को कमजोर करना. रोज रनिंग करना जरूरी नहीं. आसान कसरतों से वेट कम नहीं होता. आप 20 मिनट कार्डियो करें, उस के बाद वेट टे्रनिंग और फिर हलकीफुलकी स्ट्रैचिंग कर घर जाएं. कभीकभी कार्डियो भी छोड़ दें. बस वार्मअप करें और हैवी वेट टे्रनिंग करें. कभीकभी जिम भी छोड़ें और सिर्फ पार्क में वक्त बिताएं. चैलेंज लें, अपनी सीमाओं को पहचान कर उन्हें लांघने की कोशिश करें. पेट खुदबखुद कम हो जाएगा.
  • एक छोटा सा प्लास्टिक का डब्बा रख कर उस पर 1 घंटे तक वनटूवनटू करने से 10 गुना बेहतर है, जिम में मौजूद सारे वेट को एक से दूसरी जगह रखना. इस सच को स्वीकार करें कि वेट कम करने की कसरत स्टाइलिश नहीं होती. वह बुरी होती है, दम निकालने वाली होती है.
  • कमर की चरबी कम करने के लिए आप इन उपायों का प्रयोग कर सकते हो कमर की चरबी को कम करने का सबसे पहला नियम जो आयुर्वेद में है। वह है भूख से कम ही भोजन का सेवन करें। जितनी भूख है उससे कम ही खाना खायें। इससे पेट का आकार नहीं बढ़ता और पाचन भी ठीक रहता है। कम भोजन करने से पेट में गैस नहीं बनती है। कोशिश करें कि दिन में 2 बार शौच जाएं।
  • मोटापे से मुक्ति का एक और बड़ा सरल उपाय यह है कि भोजन के तुरंत बाद पानी का सेवन न करें। भोजन करने के लगभग 1 घंटे के बाद ही पानी पीयें। इससे कमर का मोटाप नहीं बढ़ता है। और यह तरीका पेट को कम करने में भी मददगार होता है।
  • भोजन में अधिक से अधिक जौ से बने आटे की रोटियों का इस्तेमाल करें। गेहूं के आटे की रोटी का सेवन बिलकुल कम कर दें। जौ शरीर में मौजूद अतरिक्त चरबी को कम कर देता है। जिससे कमर और पेट की चरबी कम हो जाती है।
  • वजन कम करने और अतरिक्त चरबी को कम करने के लिए आपको यह भी पता होना चाहिए कि भोजन में किन चीजों को इस्तेमाल करें और किन का नहीं। आपको चावल, आलू और चपाती का सेवन कम से कम मात्रा में करना चाहिए साथ ही खाने में कच्चा सलाद, सब्जी और मिक्स वेज का सेवन अधिक से अधिक करना चाहिए।
  • हमेशा खाना भूख लगने पर ही खाएं। खाना खाते वक्त यह बात जरूर ध्यान रखें कि खाने को मुंह में अच्छी तरह से बारीकी से चबाकर खाएं ताकि आसानी से भोजन गले से नीचे उतर सके।
  • सुबह के नाश्ते में आप चना, मूंग और सोयाबीन को अधिक से अधिक खाने में उपयोग करें। अंकुरित अनाज में आपको भरपूर मात्रा में पौष्टिक तत्व आपको मिलेगें। जो मोटापा को बढ़ने नहीं देगें। दलिया को भी आप अपने नाश्ते में जरूर शामिल करें।
  • कमर की अधिक चरबी को कम करने के लिए आपको अपने खाने में हरी सब्जियों का अत्याधिक सेवन करना चाहिए। आप मेथी, पालक, चैलाई की सब्जी को अपने खाने में शमिल करें। हरी सब्जियों में मौजूद कैल्श्यिम और फाइबर आपके शरीर में पोषक तत्वों को पहुंचाते हैं। और इनसे आपका शरीर भी स्वस्थ रहेगा।
  • गर्मियों में दही या मट्ठा के सेवन करने से शरीर के चरबी घटती है। दिन में 2 से 3 बार मट्ठा का सेवन करें।
  • सुबह खाली पेट गरम पानी में 2 चम्मच शहद डालकर 2 महीने तक सेवन करने से कमर का मोटापा कम होता है। इसके अलावा तेल की मालिश करने से भी कमर की चरबी को कम किया जा सकता है।
  • आपको अपने जीवन शैली में एक छोटा सा परिवर्तन लाना जरूरी है। जैसे चढ़ने और उतरने के लिए सीढ़ी का इस्तेमाल करें। साईक्लिंग करना, जाॅगिंग, टहलना, और व्यायाम जरूर करें। एैसा करने से आपकी कमर की चरबी तो कम होगी ही साथ ही आपको मोटापे से मुक्ति मिल जाएगी।

रविवार, फ़रवरी 15, 2015

मोटापा कम करने में कारगर है एलोवेरा

Vera is effective in reducing obesity

एलोवेरा का पौधा घर में आसानी से लगाया जा सकता है। एलोवेरा के पौधे का रंग हरा होता है, इसमें से जो जेल निकलता है वो हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होता है। एलोवेरा जैल,एलोवेरा का जूस हमें जितना अंदर से सेहतमंद रखता है उतना ही बाहर से हमें जवान बनाएं रखने में मदद करता है।। एलोवेरा औषधीय गुणों का भंडार है। एलोवेरा में कई पोषक तत्‍व,विटामिन और मिनरल्‍स होते है जो हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी सिद्ध हुए है। ग्वारपाठा यानी एलोवेरा के प्रयोग से हम मोटापे जैसी परेशानी पर भी काबू पा सकते है।
बिगड़ी लाइफस्टाइल और व्यायाम के प्रति बरती गई लापरवाही से वजन बढ़ना अब आम समस्या हो गई है। लेकिन ग्वारपाठा यानी एलोवेरा के प्रयोग से इस परेशानी पर काबू पाया जा सकता है। आइए हम आपको बताते हैं कि एलोवेरा किस तरह वजन कम करने में आपकी मदद करता है।

नींबू का रस और एलोवेरा

एक नींबू का रस, आधा गिलास गुनगुना पानी और 4 टी स्पून एलोवेरा का रस एक साथ मिलाकर पीने से मोटापा घटता है। 

एलोवेरा का रस और मैथी

शुद्ध गुग्गल की 4-5 रति की मात्रा रोजाना एलोवेरा के रस के साथ लेने से लाभ होता है। 4 चम्मच मैथी की पत्तियों का रस या एक पोथी लहसुन, 20 ग्राम एलोवेरा के रस के साथ लेने से मोटापा नहीं बढ़ता। एलोवेरा का प्रयोग लगातार एक साथ ना करके एक माह के अंतराल में करें। 

ये भी हैं उपयोगी

अश्वगंधा के पत्तों का रस दो चम्मच की मात्रा में एलोवेरा के 10 ग्राम गूदे के साथ लेने से लाभ होता है। जिन लोगो का पेट ज्यादा निकला हुआ हो वे त्रिफला चूर्ण के साथ एलोवेरा का रस खाली पेट लें। इस प्रयोग से एक माह में पांच किलो तक वजन कम किया जा सकता है।

  • एक गिलास गुनगुने पानी में नींबू का रस और एलोवेरा का रस मिलाकर पीने से मोटापा कम होता है।
  • अश्वगंधा के पत्तों का रस दो चम्मच की मात्रा में एलोवेरा के 10 ग्राम गूदे के साथ लेने से लाभ होता है।
  • त्रिफला चूर्ण के साथ एलोवेरा का रस खाली पेट लेंने से भी मोटापे से छुटकारा पाया जा सकता है।
  • एलोवेरा का जूस पीने से मोटापा कम हो जाता है। एलोवेरा के पत्तों का सेवन करने से मोटापे पर कंट्रोल रखा जा सकता है।
  • एक लहसुन का रस निकालकर और एलोवेरा का रस मिलाकर पीने से मोटापे से राहत पाई जा सकती है। (सभी प्रयोग विशेषज्ञ की सलाह से करें)